राजकीय विश्लेषणशाला रुद्रपुर की रिपोर्ट के आधार पर न्यायालय ने सुनाया फैसला, खाद्य सुरक्षा अधिकारी की जांच पाई गई प्रमाणिक
हरिद्वार :- हरिद्वार नगर निगम क्षेत्र में घटिया खाद्य सामग्री बेचने के मामले में न्याय निर्णायक अधिकारी/अपर जिला मजिस्ट्रेट हरिद्वार की अदालत ने तीन कंपनियों पर कुल 3 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। खाद्य सुरक्षा अधिकारी श्री कपिल देव द्वारा मार्च 2024 में लिए गए सैंपलों की जांच में अवसर ब्रांड वनस्पति घी और विशाल मेगा मार्ट की सूजी को अधोमानक पाया गया था।
12 मार्च को मैसर्स जगदीश फूड्स, सराय रोड से अवसर ब्रांड वनस्पति घी और 21 मार्च को मैसर्स विशाल मेगा मार्ट, गोविंदपुरी से पैक्ड सूजी के नमूने लिए गए थे। ये नमूने राजकीय विश्लेषणशाला, रुद्रपुर भेजे गए, जहाँ 28 अगस्त 2024 को प्राप्त रिपोर्ट में दोनों उत्पादों को मानकों के विपरीत पाया गया।
जगदीश फूड्स मामले में प्रोपराइटर श्री वरुण कंसल के साथ-साथ अडानी विलमर लिमिटेड की तीन इकाइयों को जिम्मेदार ठहराया गया। प्रत्येक पक्ष पर 50 हजार रुपये का जुर्माना लगाकर कुल 2 लाख रुपये का दंड लगाया गया।
विशाल मेगा मार्ट के मामले में स्टोर मैनेजर श्री दिनेश मोर्य और ब्रांड ऑनर विशाल मेगा मार्ट प्रा. लि., गुरुग्राम पर 50-50 हजार रुपये का जुर्माना लगाकर 1 लाख रुपये का दंड अधिरोपित किया गया।
चारधाम यात्रा के दृष्टिगत हरिद्वार व यात्रा मार्गों पर खाद्य प्रतिष्ठानों की सघन जांच की जा रही है। जिलाधिकारी हरिद्वार के निर्देशों के तहत सिंगल यूज प्लास्टिक पर प्रतिबंध और होटल-ढाबों में रेट लिस्ट चस्पा करने के भी निर्देश जारी किए गए हैं।